जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव के लिए दूसरे चरण का मतदान शुरू हो गया है। आज 26 सीटों पर मतदान हो रहा है। इस चरण में कश्मीर की 15 और जम्मू की…
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सूत्रों के हवाले से लखनऊलखनऊ समेत यूपी के 5 जिलों में खुलेंगे जीएसटी ट्रिब्यूनल
वाराणसी, प्रयागराज, आगरा, गाजियाबाद के लिए शासन को प्रस्ताव टैक्स से जुड़े विवादों में व्यापारियों को राहत के लिए ट्रिब्यूनल ट्रिब्यूनल में दो न्यायिक सेवा और एक केंद्र व एक…
जम्मू-कश्मीर के बड़गाम में BSF की बस खाई में गिरी, 3 जवानों की मौत, 25 घायल
जम्मू-कश्मीर के बड़गाम में शुक्रवार को BSF जवानों की बस खाई में गिर गई। हादसे में 3 जवानों की मौत हो गई और 25 अन्य घायल हुए हैं। ये जवान…
मुख्यमंत्री योगी से मत्स्यजीवी सहकारी संघों के पदाधिकारियों के प्रतिनिधि मण्डल ने की भेंट: मंत्री डॉ.संजय निषाद और प्रमुख सचिव के रविंद्र नायक भी रहे मौजूदलखनऊ 11 सितंबर प्राप्त समाचार के अनुसार विगत दिवस उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मत्स्य जीवी सहकारी संघ के पदाधिकारी के प्रतिनिधिमंडल ने भेंट कर मत्स्य पालन के संबंध में अपने विचार रखते हुए मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया इस दौरान बैठक में उत्तर प्रदेश के मत्स्य पालन मंत्री डॉ संजय निषाद और उत्तर प्रदेश के लोकप्रिय वरिष्ठ आईएएस प्रमुख सचिव उत्तर प्रदेश सचिवालय प्रशासन और प्रमुख सचिव पशुपालन दुग्ध डेरी मत्स्य श्री के रविंद्र नायक भी खासतौर से मौजूद रहे इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कई निर्देश जारी किएमुख्यमंत्री ने तालाबों/पोखरों में मत्स्य पालन हेतुआवंटन में स्थानीयता को वरीयता दिए जाने के निर्देश दिएप्रदेश में एक बड़ी आबादी की आजीविका पारंपरिक रूप से मत्स्य पालन पर आधारित, तालाबों/पोखरों आदि का पट्टा आवंटन करते समय इससमुदाय के स्थानीय लोगों को वरीयता दी जानी चाहिए : मुख्यमंत्रीमत्स्य पालन के नियमों के सरलीकरण करने की आवश्यकतामत्स्य पालन हेतु पट्टा आवंटन की प्रक्रिया ऑनलाइन कीजानी चाहिए, इसके लिए विभाग द्वारा पोर्टल तैयार किया जाएमत्स्य विभाग, मत्स्य सहकारी समितियों तथा मत्स्य बीज विकास निगम को मत्स्य सेक्टर के विकास के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों का सेमिनार,गोष्ठी, परिचर्चा आदि के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार करना चाहिए इस दौरान कई सुझाव उत्तर प्रदेश के प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन और प्रमुख सचिव दुग्ध डेरी एवं मत्स्य विभाग वरिष्ठ लोकप्रिय आईएएस श्री के रविंद्र नायक ने महत्वपूर्ण सुझाव भी सीएम योगी के सम्मुख रखे जिनका सभी ने स्वागत भी किया उल्लेखनीय है कि श्री के रविंद्र नायक जिस विभाग में भी रहे हैं उस विभाग का निश्चित रूप से चहुमुखी विकास हुआ है हाल फिलहाल में ही उत्तर प्रदेश के प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन श्री के रविंद्र नायक को मुख्यमंत्री जी ने पशुपालन दुग्ध डेरी एवं मत्स्य पालन विभाग का अतिरिक्त प्रभार भी सोपा है अब निश्चित रूप से मृत पड़ा यह विभाग भी पटरी पर आ जाएगा और तेज गति पकड़ेगा इसी कारण मुख्यमंत्री जी ने श्री के रविंद्र नायक को पशुपालन दुग्ध डेरी एवं मत्स्य विभाग का अतिरिक्त प्रभार दिया है उम्मीद की जा रही है कि अब उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी और मंत्री डॉ संजय निषाद के कुशल मार्गदर्शन में लोकप्रिय वरिष्ठ आईएएस प्रमुख सचिव श्री के रविंद्र नायक द्वारा पशुपालन और दुग्ध डेरी और मत्स्य पालन विभाग का चहुमुखी विकास करते हुए इसकी सभी योजनाओं को तेजी के साथ युद्ध स्तर पर पारदर्शिता के साथ पूरे प्रदेश में क्रियान्वित किया जाएगा और यह विभाग निश्चित रूप से भ्रष्टाचार मुक्त भी हो जाएगा क्योंकि श्री के रविंद्र नायक जिस जिस विभाग में भी रहे हैं वहां से भ्रष्टाचार को समाप्त करते हुए पारदर्शिता पूर्ण कार्यों की शुरुआत करते हुए सरकारी योजनाओं को युद्ध स्तर पर क्रियान्वित किया है कई जनपदों के जिलाधिकारी रहते हुए और कई मंडलों के मंडल आयुक्त रहते हुए और कई महत्वपूर्ण विभागों के विशेष सचिव और सचिव और प्रमुख सचिव रहते हुए वरिष्ठ आईएएस श्री के रविंद्र नायक ने महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल करते हुए अनेक विभागों से भ्रष्टाचार का सफाया किया है और पारदर्शिता से कार्य करते हुए पूरे राज्य में आम जनमानस में लोकप्रियता हासिल की है अब हाल फिलहाल में श्री के रविंद्र नायक को पशुपालन दुग्ध डेरी और मत्स्य पालन का प्रमुख सचिव के रूप में अतिरिक्त प्रभार दिया गया है तो निश्चित रूप से मृत पड़े यह डिपार्टमेंट भी युद्ध स्तर पर कार्य करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मंतव्य के अनुरूप सभी जनहित योजनाओं को क्रियान्वित करने में सफलता हासिल करेंगे उल्लेखनीय है कि विगत दिनोंउत्तर प्रदेश के मंत्री डॉ संजय निषाद की अध्यक्षता में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई जिसमें प्रमुख सचिव श्री के रविंद्र नायक भी मौजूद रहे इस समीक्षा बैठक का विवरण इस प्रकार है निषादराज बोट सब्सिडी योजना के तहत अब तक 2604 आवेदन प्राप्तप्रदेश की अर्थव्यवस्था को 1 ट्रिलियन डॉलर बनाने में मत्स्य विभाग द्वारा योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाय-डा0 संजय कुमार निषाद,उत्तर प्रदेश के मत्स्य विकास मंत्री डा0 संजय कुमार निषाद ने गत दिवस देर शांम यहां विधानसभा स्थित अपने कार्यालय कक्ष में विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। डॉ0 निषाद ने कहा कि उ0प्र0 मत्स्य पालक कल्याण कोष की धनराशि का मछुआ पालकों को अधिक से अधिक लाभ प्राप्त हो, पोखरों की संख्या में वृद्धि की जाय। मत्स्य मोबाइल बिक्री केन्द्रो एवं मत्स्य दुकानों की संख्या में वृद्धि की जाये। उन्होंने कहा कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को 1 ट्रिलियन डॉलर बनाने में मत्स्य विभाग द्वारा योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाय। योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाये।मत्स्य विकास मंत्री ने कहा कि उ0प्र0 को मत्स्य उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना और मछुआ समुदाय का सर्वांगीण विकास करना राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में से है। उन्होंने प्रधानमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना, मुख्यमंत्री मत्स्य संपदा योजना, निषादराज बोट योजना, उ0प्र0 मत्स्य पालक कल्याण कोष के अंतर्गत विभिन्न परियोजनाओं, सघन मत्स्य पालन हेतु एयरेशन सिस्टम की स्थापना, सहकारी समितियांे के गठन, जिलेवार जलाशय की स्थिति तथा नये तालाबो के निर्माण की समीक्षा की।निषादराज बोट सब्सिडी योजना 2024-25 के तहत अब तक 2604 आवेदन प्राप्त हुए है। योजना की समीक्षा करते हुए मत्स्य विकास मंत्री ने कहा कि इस योजना के तहत जो भी आवेदन प्राप्त हुए हैं, उसका जिला स्तरीय चयन समिति से पात्र आवेदकों के चयन एवं रैंडमाइज्ड सूची पोर्टल पर अपलोड करते हुए निदेशालय को समय से प्रेषित किया जाए। जिससे पात्र लाभार्थियों को इस योजना का लाभ मिल सके।मत्स्य विकास मंत्री डा0 संजय निषाद ने कहा कि मत्स्य क्षेत्र के सभी भूमिहीन मछुआरों को केसीसी के माध्यम से ऋण मुहैया कराने हेतु दिशा-निर्देश देते हुए कहा कि इस योजना में और तेजी लाई जाए। डा0 निषाद ने कहा कि मत्स्य विभाग उत्तर प्रदेश में संचालित नयी योजना यथा-मत्स्य पालक कल्याण कोष, निषादराज बोट योजना तथा मुख्यमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना का लाभ अधिक से अधिक किसानों को दिलाया जाए।मत्स्य विकास मंत्री ने कहा कि प्रदेश को मत्स्य उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए संचालित सभी योजनाओं को युद्ध स्तर पर संचालित किया जाए ताकि मछुआ समुदाय के प्रत्येक व्यक्ति को योजनाओं का पूरा लाभ मिल सके। इसके साथ ही अनुपयुक्त जलक्षेत्र जैसे वेटलैण्ड, खारापानी जलक्षेत्र, जलाशय व नदियों को मत्स्य विकास कार्यक्रम से आच्छादित करने तथा प्रदेश के मछुआरों व मत्स्य पालकों के जीवन में आर्थिक सुधार लाने हेतु कल्याणकारी योजनाओं को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि मत्स्य विभाग द्वारा संचालित योजनाआंे में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।समीक्षा बैठक में मत्स्य विकास विभाग के प्रमुख सचिव श्री के0 रविन्द्र नायक, निदेशक एम0एस0 रहमानी तथा अन्य वरिष्ट विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के मंतव्य के अनुरूप प्रमुख सचिव श्री के रविंद्र नायक निरंतर और नियमित रूप से जहां एक और उत्तर प्रदेश सचिवालय प्रशासन को बखूबी चला रहे हैं वहीं दूसरी ओर उत्तर प्रदेश के पशुपालन डेयरी विकास मत्स्य पालन विभाग को भी भ्रष्टाचार मुक्त करके इसकी सभी जनहित योजनाओं को क्रियान्वित करने में सफल रहेंगे।
लखनऊ
उत्तर प्रदेश मौसम विभाग ने जारी किया पूर्वानुमान उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों में बारिश की चेतावनी आगामी 4 से 5 दिनों तक भारी बारिश की आशंका जताई मौसम विभाग…
